नई दिल्ली, 18 दिसंबर 2025:
दिल्ली की जहरीली हवा से लोगों को राहत मिलती नजर नहीं आ रही है। बुधवार सुबह राजधानी का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 328 दर्ज किया गया, जो हवा की गुणवत्ता को ‘बहुत खराब’ श्रेणी में दर्शाता है। सुबह से ही शहर के कई इलाकों में घना स्मॉग छाया रहा, जिससे आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए दिल्ली सरकार ने एक अहम फैसला लिया है। सरकार ने आदेश जारी करते हुए कहा है कि गुरुवार से दिल्ली के सभी सरकारी और निजी कार्यालयों में 50 प्रतिशत कर्मचारियों के लिए वर्क फ्रॉम होम (Work From Home) अनिवार्य होगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना लगाया जाएगा।
दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री कपिल मिश्रा ने जानकारी देते हुए बताया कि फिलहाल राजधानी में ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP-4) लागू है। उन्होंने कहा कि CAQM और पर्यावरण विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुसार यह निर्णय लिया गया है। गुरुवार से कार्यालयों में उपस्थिति 50 प्रतिशत तक सीमित रहेगी।
हालांकि, कुछ आवश्यक सेवाओं को इस आदेश से छूट दी गई है। इनमें स्वास्थ्य सेवाएं, फायर सर्विस, जेल प्रशासन, सार्वजनिक परिवहन और आपदा प्रबंधन सेवाएं शामिल हैं।
कपिल मिश्रा ने बताया कि GRAP-3 लागू होने के कारण दिल्ली में निर्माण कार्य पहले से ही बंद है, जिससे दिहाड़ी मजदूरों पर गंभीर असर पड़ा है। इस स्थिति को ध्यान में रखते हुए दिल्ली सरकार ने बड़ा राहत कदम उठाया है। सरकार सभी पंजीकृत और प्रमाणित निर्माण श्रमिकों के बैंक खातों में ₹10,000 की सहायता राशि सीधे ट्रांसफर करेगी।
सरकार का कहना है कि यह फैसला जनता के स्वास्थ्य की सुरक्षा और प्रदूषण पर नियंत्रण के उद्देश्य से लिया गया है। हालात की समीक्षा के बाद आगे के कदमों पर निर्णय लिया जाएगा।

