सुप्रीम कोर्ट ने चंडीगढ़ में शराब बिक्री पर लगी रोक हटा दी है और इस मामले को पुनः पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट भेज दिया है। कोर्ट ने निर्देश दिया कि हाईकोर्ट 15 दिनों के भीतर इस मामले की सुनवाई करे। अब इस मामले की अगली सुनवाई 3 अप्रैल को होगी।
इससे पहले, हाईकोर्ट में एक पक्ष ने याचिका दायर कर आरोप लगाया था कि 97 में से 87 शराब की दुकानें एक ही परिवार और उसके करीबी लोगों को दी गईं। ये लोग अलग-अलग फर्मों, रिश्तेदारों और सहयोगियों के नाम से बोली लगा रहे थे। इस आधार पर हाईकोर्ट ने 3 अप्रैल तक शराब के ठेके न खोलने का आदेश दिया था।
टेंडर विवाद के चलते लगी थी रोक
पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट ने शराब टेंडर प्रक्रिया को लेकर चंडीगढ़ में तीन दिनों के लिए ठेके बंद रखने का आदेश दिया था। इस मामले में याचिका दायर होने के बाद हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ प्रशासन को नोटिस जारी किया, जिसके खिलाफ प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया।
चंडीगढ़ प्रशासन ने दी सफाई
सुनवाई के दौरान चंडीगढ़ प्रशासन ने कहा कि याचिकाएं कुछ शराब ठेकेदारों की साजिश हैं, ताकि वे अपने मौजूदा ठेकों को नए वित्त वर्ष में भी जारी रख सकें। प्रशासन ने दावा किया कि शराब टेंडर की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी थी और निर्धारित नीति के तहत आयोजित की गई थी।